आजमगढ़: अनुसूचित जाति परिवार ने लगाया जमीन कब्जाने, जातिसूचक गाली और मारपीट की धमकी का आरोप

आजमगढ़: अनुसूचित जाति परिवार ने लगाया जमीन कब्जाने, जातिसूचक गाली और मारपीट की धमकी का आरोप

आजमगढ़ के मेहनगर थाना क्षेत्र के सेखुपुर गांव के पांच अनुसूचित जाति परिवारों ने पुलिस अधीक्षक को शिकायती पत्र देकर जमीन पर कब्जा करने की कोशिश, जातिसूचक अपमान, मोबाइल तोड़ने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पीड़ितों ने मामले में मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

शिकायत के अनुसार, मौजा सेखुपुर की आराजी संख्या 177 की करीब 60 बिस्वा भूमि प्रार्थियों को कृषि आवंटन के तहत मिली है। इस जमीन पर सिविल न्यायालय के आदेश के बाद 12 फरवरी 2026 को पुलिस बल की मौजूदगी में पैमाइश कराकर कब्जा दिलाया गया था।

पीड़ितों का आरोप है कि 25 जुलाई को उन्होंने अपनी जमीन पर धान की बुआई की थी। अगले दिन मेड़बंदी के दौरान गांव के कुछ लोगों ने मौके पर पहुंचकर जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए गाली-गलौज की और जमीन छोड़ने का दबाव बनाया। विरोध करने पर एक आरोपी ने रामनाथ के हाथ से करीब ₹26 हजार कीमत का मोबाइल छीनकर तोड़ दिया।

घटना की सूचना डायल-112 पर दी गई, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को थाने जाने की सलाह दी। पीड़ितों का आरोप है कि आरोपी थाने नहीं पहुंचे और उनके खिलाफ कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।

शिकायत में यह भी कहा गया है कि न्यायालय की पैमाइश के दौरान लगाए गए सीमा-चिह्न (पत्थर) को भी पहले उखाड़कर फेंक दिया गया था, जिसकी एनसीआर दर्ज है। पीड़ितों का आरोप है कि आरोपी लगातार जान से मारने की धमकी देकर जमीन खाली कराने का दबाव बना रहे हैं।

पीड़ितों ने पुलिस अधीक्षक से मामले में एफआईआर दर्ज कर निष्पक्ष जांच और आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई कराने की मांग की है। फिलहाल यह आरोप शिकायत पत्र में लगाए गए हैं और पुलिस की ओर से मामले में आधिकारिक प्रतिक्रिया या जांच का निष्कर्ष सामने आना बाकी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *