17 लाख रुपये से अधिक की रकम लौटाने से इंकार का आरोप, पीड़ित ने लगाई न्याय की गुहार
आजमगढ़। निजामाबाद तहसील क्षेत्र के हरैया गांव निवासी सुबाष यादव पुत्र स्वर्गीय कतवारू यादव ने अपने ससुर पर विदेश में रहकर भेजी गई सात लाख रुपये से अधिक की धनराशि वापस न करने का आरोप लगाते हुए प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़ित ने मामले की निष्पक्ष जांच कराकर उचित कार्रवाई की मांग की है।
सुबाष यादव के अनुसार, वह लगभग 14 वर्षों तक सऊदी अरब में रहकर नौकरी करते रहे। इस दौरान उनके गांव में कोई बैंक खाता नहीं था और उनके बच्चे भी छोटे थे। इसी बीच उनकी पत्नी गंभीर बीमारी से पीड़ित हो गई थीं। पत्नी के इलाज तथा परिवार के खर्चों के लिए उन्होंने अपने ससुर सत्तूर राम उर्फ रामसम्हार यादव निवासी टीकापुर, थाना तहबरपुर के बैंक खाते में समय-समय पर सात लाख रुपये से अधिक की धनराशि भेजी थी।
पीड़ित का कहना है कि लंबे समय तक पत्नी के इलाज के लिए वह विदेश से भारत आते-जाते रहे, लेकिन उपचार के बावजूद उनकी पत्नी का निधन हो गया। इसके बाद जब वह स्थायी रूप से वापस लौटे और अपने द्वारा भेजी गई रकम की मांग की, तो उनके ससुर ने धनराशि लौटाने से इंकार कर दिया।
सुबाष यादव का आरोप है कि न्याय की उम्मीद में उन्होंने संबंधित थाने पर भी शिकायत की, जहां उनसे कथित तौर पर पैसे की मांग की गई और कहा गया कि धनराशि देने पर ही उनकी रकम वापस दिलाई जाएगी। हालांकि, इस संबंध में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।
पीड़ित ने बताया कि उन्होंने कई बार संबंधित अधिकारियों को प्रार्थना पत्र देकर मामले से अवगत कराया। इसके अलावा मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कर न्याय की मांग की, लेकिन अभी तक उन्हें कोई राहत नहीं मिल सकी है।
सुबाष यादव ने प्रशासन से मांग की है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए, उनके द्वारा विदेश में मेहनत-मजदूरी कर अर्जित की गई धनराशि वापस दिलाई जाए तथा दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
