84 करोड़ रुपये के साइबर फ्रॉड का खुलासा, आजमगढ़ साइबर क्राइम पुलिस ने तीन आरोपियों को दबोचा
आजमगढ़। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने ऑनलाइन ट्रेडिंग और डिजिटल अरेस्ट के नाम पर किए जा रहे करोड़ों रुपये के साइबर फ्रॉड मामले का खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, जांच में करीब 83.94 करोड़ रुपये के साइबर अपराध से जुड़े लेनदेन का पता चला है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से पांच मोबाइल फोन, दो एटीएम कार्ड और 3860 रुपये नकद बरामद किए गए हैं।
पुलिस के मुताबिक, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में साइबर क्राइम थाना टीम ने प्रतिबिंब पोर्टल पर मिले एक संदिग्ध बैंक खाते की जांच शुरू की थी। जांच में सामने आया कि उक्त खाते पर देश के करीब 20 राज्यों से 73 साइबर शिकायतें दर्ज थीं। इन शिकायतों में ऑनलाइन ट्रेडिंग और डिजिटल अरेस्ट के जरिए ठगी किए जाने की बात सामने आई।
जांच में पता चला कि यह बैंक खाता NIHASA MANPOWER SERVICES PVT LTD के नाम से संचालित था। खाते के निदेशक आनंद रॉव निवासी कौरा गहनी, दीदारगंज और सुनील निवासी सिसवारा नरवे, ठेकमा आजमगढ़ के नाम सामने आए। पुलिस ने दोनों के खिलाफ साइबर क्राइम थाने में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
पूछताछ के दौरान मामले में प्रशांत सिंह उर्फ लकी निवासी पुष्पनगर, थाना दीदारगंज का नाम भी सामने आया। पुलिस का आरोप है कि प्रशांत ने कमीशन के आधार पर बैंक खाता उपलब्ध कराने के लिए संपर्क किया था। इसके बाद फर्म का खाता साइबर ठगों को उपलब्ध कराया गया, जिसमें बड़ी मात्रा में ठगी की रकम का लेनदेन हुआ।
पुलिस के अनुसार, उक्त खाते में 14 नवंबर 2025 से 18 नवंबर 2025 के बीच करीब 4.85 करोड़ रुपये का लेनदेन हुआ था। विभिन्न राज्यों से दर्ज 73 शिकायतों के आधार पर खाते से जुड़े कुल 83,94,17,664 रुपये के साइबर फ्रॉड की जानकारी मिली है।
