नई किरण प्रोजेक्ट से दो परिवारों में हुआ समझौता, बिखरते रिश्तों को मिला नया सहारा
आजमगढ़, 8 जुलाई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में थाना कोतवाली परिसर स्थित परिवार परामर्श प्रकोष्ठ/नई किरण की बैठक आयोजित की गई। बैठक में पारिवारिक विवादों से जुड़े मामलों की काउंसलिंग कर दो परिवारों के बीच सफलतापूर्वक समझौता कराया गया।
पुलिस के अनुसार, बैठक में कुल छह पत्रावलियों में दोनों पक्षों को फोन और नोटिस के माध्यम से बुलाया गया था। सभी मामलों में दोनों पक्ष उपस्थित हुए। विस्तृत काउंसलिंग और संवाद के बाद दो प्रकरणों में आपसी मतभेद दूर कर दोनों परिवारों को पुनः साथ रहने के लिए सहमत कराया गया।
पहले मामले में महिला ने पति और ससुराल पक्ष पर दहेज की मांग एवं प्रताड़ना का आरोप लगाया था, जबकि दूसरे मामले में पति द्वारा पड़ोसियों और जेठानी के बहकावे में आकर शराब के नशे में मारपीट करने की शिकायत थी। काउंसलिंग के दौरान दोनों पक्षों को आपसी संवाद, सहनशीलता और पारिवारिक मूल्यों का महत्व समझाया गया, जिसके बाद समझौता संभव हो सका।
पुलिस ने बताया कि ‘नई किरण’ प्रोजेक्ट का उद्देश्य पारिवारिक विघटन को रोकना, बिखरते रिश्तों को जोड़ना और परिवारों में आपसी सामंजस्य स्थापित करना है। यह पहल न केवल परिवारों को नई दिशा दे रही है, बल्कि पारिवारिक न्यायालयों पर बढ़ते मामलों का बोझ कम करने में भी सहायक साबित हो रही है।
समझौता कराने वाले मामलों में ज्योति ग्राम मीरपुर, थाना निजामाबाद तथा शालू ग्राम मनरा, थाना फूलपुर के परिवार शामिल रहे।
बैठक में परिवार परामर्श प्रकोष्ठ के प्रभारी उपनिरीक्षक महेंद्र प्रसाद तिवारी, आरक्षी सुनील कुमार गुप्ता एवं महिला आरक्षी नेहा सिंह मौजूद रहे।
आजमगढ़ पुलिस ने कहा कि ‘नई किरण’ प्रोजेक्ट सामाजिक सौहार्द और पारिवारिक रिश्तों को मजबूत बनाने की दिशा में एक प्रभावी एवं मानवीय पहल के रूप में लगातार कार्य कर रहा है।
